टुडे २४ पर ९ फरवरी को छपी कविता......खामोश झीलें

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  • vandana gupta
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  • टुडे २४ पर ९ फरवरी को छपी कविता निम्न लिंक पर देखिये 


    एक ठहरी हुई निश्छल शांत झील अपनी गति से प्रवाहमान जिसमे हर कोई अपना अक्स देख सकता है आते हैं रोज कुछ लोग अपनी....


    http://todays24.com/sahityik.php?newscat=14


    10 टिप्‍पणियां:

    1. अच्छे शब्दों का चयन, सुन्दर शब्दांकन आपकी विशेषता है, पढ़कर सुखद लगा , बधाई

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    2. बधाई ... कल आपकी यह पोस्ट चर्चामंच पर साझा करुँगी ... आपका आभार ..

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    आपके आने के लिए धन्यवाद
    लिखें सदा बेबाकी से है फरियाद

     
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